_रमेश ठाकुर_
_रामनगर - नरकटियागंज,_ _प०चम्पारण (बिहार)_
_26-12-2025_
पटना, 27 दिसंबर 2025।
कृषि विपणन व्यवस्था को सशक्त और किसान-हितैषी बनाने के उद्देश्य से कृषि भवन, पटना के सभागार में शनिवार को “कृषि विपणन की चुनौतियाँ एवं सुधार की दिशा” विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में बिहार के माननीय कृषि मंत्री श्री राम कृपाल यादव मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि अध्यक्षता कृषि विभाग के प्रधान सचिव श्री पंकज कुमार ने की।
कार्यशाला को संबोधित करते हुए कृषि मंत्री श्री राम कृपाल यादव ने कहा कि किसानों की आय बढ़ाने के लिए लैंड टू कंज़्यूमर तक एक मजबूत, पारदर्शी और डिजिटाइज्ड आपूर्ति शृंखला विकसित करना समय की मांग है। उन्होंने कहा कि उत्पादन के बाद सबसे बड़ी चुनौती कृषि विपणन की होती है और यदि किसानों को सही समय पर सही बाजार एवं उचित मूल्य नहीं मिला, तो उनकी मेहनत का पूरा लाभ नहीं मिल पाता।
कृषि मंत्री ने बताया कि वर्ष 2006 में एपीएमसी अधिनियम के निरसन के बाद, चतुर्थ कृषि रोड मैप के विजन के अंतर्गत वर्ष 2024 में कृषि विपणन निदेशालय का गठन किया गया है। इस निदेशालय का मुख्य उद्देश्य किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य दिलाना, भंडारण, मूल्य संवर्द्धन, प्रसंस्करण, निर्यात संवर्द्धन तथा ग्रामीण हाटों के विकास को बढ़ावा देना है।
उन्होंने कहा कि बिहार एक कृषि प्रधान राज्य है, जहाँ बड़ी आबादी कृषि पर निर्भर है। सरकार किसानों की समस्याओं को गंभीरता से समझते हुए ई-नाम जैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से किसानों को सीधे बाजार से जोड़ने की दिशा में निरंतर प्रयास कर रही है, जिससे पारदर्शिता बढ़ेगी और किसानों को बेहतर मूल्य मिलेगा।
प्रधान सचिव कृषि विभाग श्री पंकज कुमार ने कहा कि कृषि को लाभकारी बनाने के लिए एक संगठित और सुदृढ़ विपणन चेन का विकास अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कोल्ड स्टोरेज, वेयरहाउस और अन्य आधारभूत संरचनाओं के विस्तार पर जोर देते हुए कहा कि इससे किसानों को अपनी उपज सुरक्षित रखने और उचित समय पर बेचने का अवसर मिलेगा। साथ ही एक मजबूत बाजार सूचना तंत्र किसानों को सही निर्णय लेने में मदद करेगा।
कार्यशाला में विशेषज्ञों, वैज्ञानिकों, किसान प्रतिनिधियों, एफपीओ और निजी क्षेत्र के प्रतिनिधियों से जमीनी स्तर की समस्याओं और उनके व्यावहारिक समाधानों पर सुझाव आमंत्रित किए गए। कृषि मंत्री ने आश्वस्त किया कि सरकार सभी सुझावों पर गंभीरता से विचार कर किसान हित में ठोस निर्णय लेगी।
इस अवसर पर कृषि विभाग के विशेष सचिव श्री वीरेन्द्र प्रसाद यादव, अपर सचिव श्रीमती कल्पना कुमारी, संयुक्त सचिव श्री मदन कुमार सहित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी एवं किसानगण उपस्थित रहे।

